भास्कर संवाददाता | हरदा
अतिथि विद्वान की शिकायत की जांच करने बुधवार काे तीन सदस्यीय टीम अाई। स्वामी विवेकानंद कला एवं वाणिज्य पीजी कॉलेज में लंबे समय से अतिथि विद्वान के रुप में सेवारत दे रहे अभाविप के प्रांतीय उपाध्यक्ष बसंत सिंह राजपूत के खिलाफ एनएसयूआई जिलाध्यक्ष योगानंद राजपूत द्वारा की थी। जिसकी बुधवार को जांच हुई। उच्च शिक्षा मंत्री से मिले आदेश पर होम साइंस कॉलेज होशंगाबाद की प्राचार्य कामिनी जैन, प्रो. श्रीकांत दुबे और एक अन्य महिला प्रोफेसर की टीम जांच के लिए कॉलेज पहुंची। जिन्होंने दोपहर 1 बजे से शाम 5 बजे तक 50 लाेगों के बयान लिए। जांच दल अपनी रिपोर्ट विभाग के माध्यम से उच्च शिक्षा मंत्री को सौंपेगा।
बसंत सिंह राजपूत अतिथि विद्वान के साथ ही वे अभाविप के प्रांतीय उपाध्यक्ष भी हैं। राजपूत ने कॉलेज में अतिथि विद्वान के रुप में अध्यापन कार्य के साथ-साथ राजनीतिक हस्तक्षेप भी किया। अभाविप को मजबूत करने के लिए छात्र संघ चुनाव में विद्यार्थियों पर दबाव बनाकर उन्हें संगठन से जुड़ने के लिए मजबूर किया। वे अभाविप द्वारा किए जाने वाले आंदोलनों में भी सक्रिय रूप से शामिल होते हैं। यह शिकायत एनएसयूआई जिलाध्यक्ष योगानंद राजपूत ने दो माह पहले उच्च शिक्षा मंत्री जीतू पटवारी से की थी।
इन्होंने दर्ज कराए बयान
जांच दल ने शिकायतकर्ता योगानंद राजपूत, जनभागीदारी समिति अध्यक्ष एवं पूर्व विधायक डॉ. आरके दोगने, प्रभारी प्राचार्य प्रभा सोनी, एनएसयूआई विस अध्यक्ष योगेश चौहान, बसंत सिंह राजपूत, ग्रंथपाल एवं प्रशासकीय अधिकारी वीके बिछोतिया समेत कॉलेज स्टाफ व दोनों संगठनों से जुड़े करीब 50 लोगों के बयान दर्ज किए। पूर्व विधायक दोगने व योगानंद राजपूत की शिकायत जिला स्तर पर कलेक्टर से भी की थी। जिसकी कॉलेज प्रबंधन ने भी जांच की। शिकायत के बाद कलेक्टर एस. विश्वनाथन ने बसंत सिंह राजपूत को कलेक्टोरेट में अटैच किया था।
Download Dainik Bhaskar App to read Latest Hindi News Today
source https://www.bhaskar.com/mp/harda/news/mp-news-guest-scholar-accused-of-working-as-abvp-complaint-to-higher-education-minister-084614-6101800.html
No comments:
Post a Comment