नगर परिषद द्वारा बेलिया नाले पर शहर का कचरा फेंका जा रहा है। जिससे ग्रामीण बदबू से परेशान हो रहे है। नप अब तक कचरा फेंकने के लिए जगह का चयन भी नहीं कर पाई है। नप को 2011 में ठोस अपशिष्ट के लिए ग्राम गूजरवाड़ा में चरनोई मद की भूमि के सर्वे नंबर 978/1 क में से पांच एकड़ भूमि स्वीकृति हुई थी, जिस पर नप को कचरा प्रबंधन का प्रोजेक्ट तैयार कर नगर का कचरा फेंकना था, किंतु बगैर स्थान चिन्हित किए बेलिया नाले में फेंका जा रहा है। अब तो ये आलम है कि कचरा फेंकने वाले कर्मचारी अपनी मनमर्जी से जहां चाहे कचरा फेंक रहे हैं। नप की इस लापरवाही के चलते करीब दर्जन भर गांव के ग्रामीण परेशान हैं।
9 वर्षों में भूमि चिन्हित भी नहीं करा पाई नप
ठोस अपशिष्ट प्रबंधन के लिए यह भूमि 31 अक्टूबर 2011 को नपा के नाम तत्कालीन तहसीलदार द्वारा मद परिवर्तन का आदेश कर दिया गया था। नवंबर 15 में भूमि का तहसील द्वारा सीमांकन भी कर दिया गया किंतु आज तक नप यह बताने में असमर्थ है कि वह सीमांकित स्थान है कहां और अपनी मनमर्जी से जहां चाहे वहां कचरा फेंक रहे हैं।
अफसरों को बताई समस्या तो बदले में मिली फटकार
ग्राम मानागांव, कोटगांव व गूजरवाड़ा के ग्रामीणों ने जनपद सदस्य नरेंद्र मालवीय एवं धर्मदास यादव के नेतृत्व में अनेकाें बार आवेदन व धरना देकर तत्कालीन कलेक्टर शीलेंद्र सिंह व एसडीएम आदित्य रिछारिया से आवेदन देकर मांग की गई कि नगर परिषद द्वारा स्थान का सीमांकन कर फेंसिंग कर उसमें कचरा डाला जाए लेकिन अधिकारियों द्वारा ग्रामीणों को कह दिया गया कि कचरा तो वहीं डालेगा किसी ने गड़बड़ की तो उस पर कार्रवाई की जाएगी।
जगह चिंहित की जाएगी
जगह का सीमांकन कराकर, जगह चिह्नांकित करा ली जाएगी, आगे से उसी स्थान पर कचरा फेंका जाएगा।- संतोष रघुवंशी, सीएमओ
Download Dainik Bhaskar App to read Latest Hindi News Today
source https://www.bhaskar.com/local/mp/hoshangabad/news/babai-city-garbage-dumping-nap-near-belia-nalla-villagers-upset-due-to-stink-127462175.html
No comments:
Post a Comment