Saturday, March 7, 2020

‘महिलाओं की आज़ादी के लिए पुरुषों की आज़ादी जरूरी है’


‘मार्च 2016 में, मैं पहली बार मां बनी। मुझे याद है कि मैंने चेतना में एक बदलाव का अनुभव किया। सभी माता-पिता की तरह, मुझे चिंता हुई कि मैं एक अभिभावक के रूप में अपनी नई भूमिका के साथ अपने काम को कैसे संतुलित करूंगी और उस क्षण में मुझे याद है कि मातृत्व अवकाश पर अमेरिका की नीति के आंकड़े मेरे दिमाग में आए। वर्तमान में अमेरिकी महिलाएं 12 सप्ताह की अनपेड लीव की हकदार हैं। इस मामले में अमेरिकी पुरुष किसी चीज के हकदार नहीं हैं। यह जानकारी मेरे लिए अनूठी थी। मेरे बेटे के जन्म के एक हफ्ते बाद मैं मुश्किल से चल पा रही थी। मुझे अहसास था कि एक बच्चा पूरी तरह से मुझ पर और मेरे पति पर निर्भर है। हमें, हर अमेरिकी माता-पिता की तरह तीन महीने से कम समय में ‘सामान्य होने’ की उम्मीद थी। वो भी बिना किसी आय के।

चार में से एक अमेरिकी महिला जन्म देने के दो सप्ताह बाद वापस काम पर जाती है क्योंकि वो उससे ज्यादा समय तक छुट्टी नहीं ले सकती। अगर वह ऐसा करती हैं, तो इसका अर्थ होगा ‘मातृत्व दंड’ यानी इसका अर्थ है कि उन्हें अपनी नौकरी के लिए कम समर्पित माना जाएगा। पदोन्नति और करियर में आगे बढ़ने के लिए मौके नहीं मिलेंगे।

पेड पैरेंटल लीव के मुद्दे पर मैं जितना गहराई से सोचती हूं, महिलाओं की पूर्ण समानता और सशक्तिकरण के रास्ते में आने वाली समस्याओं से टकराती हूं। कुछ मामलों में देखभाल करने वाले पुरुषों की भूमिका को खत्म करना भी जरूरी है। दूसरे शब्दों में, महिलाओं को आजाद करने के लिए हमें पुरुषों को आजाद करने की जरूरत है। यह धारणा और आम प्रथा है कि महिलाएं और लड़कियां घर और परिवार की देखभाल करती हैं। यह महिलाओं के खिलाफ एक जि़द है जो न केवल महिलाओं के साथ भेदभाव करती है, बल्कि परिवार और समाज के भीतर पुरुषों की भागीदारी और जुड़ाव को सीमित करती है।

संयुक्त राष्ट्र की महिलाओं के साथ मैं दुनियाभर के देशों, कंपनियों और संस्थाओं को पेड पेरेंटल लीव के लिए चैंपियन बनने का आग्रह करती हूं। आइए हम एक ऐसी दुनिया बनाने की मिसाल पेश करें जिसमें माता-पिता बनने की चाहत में महिलाओं और पुरुषों को आर्थिक रूप से दंडित न किया जाए। आज अंतर्राष्ट्रीय महिला दिवस पर, मैं उन सभी को धन्यवाद देना चाहूंगी, जो हमारी वर्तमान नीतियों को बनाने के लिए आगे आए। क्योंकि पेड पेरेंटल लीव का महत्व माता-पिता का अपने बच्चों के साथ समय बिताने से ज्यादा है। यदि हमें बदलाव हासिल करना है तो ताकत की चोटी पर बैठे लोगों की मदद की जरूरत भी होगी।\'

(यूनाइटेड नेशन्स के न्यूयॉर्क हेडक्वॉटर्स पर अंतर्राष्ट्रीय महिला दिवस 8 मार्च, 2017 को ऑस्कर विनिंग एक्ट्रेस ऐन हैथवे)

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source https://www.bhaskar.com/mp/dhar/news/mp-news-39freedom-of-men-is-necessary-for-women39s-freedom39-070546-6802007.html

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